भोजन करते वक़्त रखे ये सावधानिया | khana khate samay rakhe ye saavdhaaniyan

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भोजन हमारे शरीर के लिए बहुत ही आवश्यक होता है यह हमारे शरीर को उर्जा प्रदान करता है | भोजन करने का भी एक तरीका होता है और भोजन करते वक़्त हमे कुछ सावधानिया बरतनी पड़ती है लेकिन गलत तरीके से किया गया भोजन हमारे शरीर के लिए बहुत सारी परेशानियां खड़ी कर देता है | आज हम उन सावधानियों के बारे में चर्चा करेंगे जो भोजन करते वक्तहमारे लिए जरूरी है |
  •  भोजन के समय चिंता क्रोध एवं हड़बड़ ना करें प्रसन्न मन से खूब चबाकर भोजन करें |
  •        पानी पीने से शरीर के दूषित पदार्थ पेशाब के द्वारा बाहर निकल जाते हैं | कब्ज तथा वात पित्त दोष दूर होते हैं परंतु एक बार अधिक पानी ना पीकर थोड़ा-थोड़ा करके कई बार पानी पीना चाहिए | भोजन के तुरंत पहले या तुरंत बाद में पानी ना पिएं हां बीच में थोड़ा पानी पी सकते हैं | भोजन के बीच पानी पीना अमृत के समान गुणकारी है पर भोजन के अंत में पानी पीना जहर के समान हानिकारक है |
  •        भोजन ना तो अधिक गर्म हो और ना ही अधिक ठंड हो बहुत से लोग इतना अधिक गर्म में भोजन करते हैं कि ठीक से चबा भी नहीं पाते हैं | बहुत ज्यादा गर्म भोजन करने से मुंह आंत आदि में छाले पड़ने का डर रहता है भोजन अधिक ठंडा भी नहीं होना चाहिए भोजन समशीतोष्ण एवं ताजा होना चाहिए |
  •       रुचि विरुद्ध भोजन तथा इच्छा ना होने पर भोजन नहीं करना चाहिए, जो भोजन रुचकर लगे तथा जब इच्छा हो तभी भोजन करना चाहिए |

  •       थके हुए व्यक्ति को तुरंत भोजन नहीं करना चाहिए | व्यायाम के तुरंत बाद भी भोजन नहीं करना चाहिए तथा विषम आसन में भोजन नहीं करना चाहिए, क्योंकि ऐसा करने से अनेक प्रकार के रोग उत्पन्न होते हैं |
  •        अम्लीय खाद्य पदार्थों का सेवन कम से कम करें तथा छारीय खाद्य पदार्थों का सेवन अधिक करें | स्वस्थ शरीर के लिए 80% क्षारीय तथा 20% अम्लीय खाद्य पदार्थ चाहिए, नमक वनस्पति घी और चीनी का सेवन कम से कम करें | 
  •      भोजन हमेशा समय पर करें रात का भोजन सोने से 2-3 घंटे पहले कर लिया करें | हमेशा भूख से थोड़ा कम खाएं एक बार भोजन कर लेने के बाद 4 घंटे के भीतर दोबारा ना खाएं पर 8 घंटे से अधिक देर भूखा भी ना रहे
  •      अधिक मिर्च मसालेदार तले-भुने तैलीय, नमकीन, खट्टे, भोज्य पदार्थ, ना खाएं | भोजन में हरे साग सब्जी फल दूध मीठा अधिक मात्रा में लें लेकिन, अंकुरित चना गेहूं मूंग जरूर खाएं |
  •      नमक का अधिक सेवन करने से रक्त दूषित होता है, प्यास बढ़ती है, मूर्छा आती है, यह मास को गलाता है, कफ को फाड़ता है, विष की वृद्धि करता है, फोड़ो को फाड़ता है, दांतों को गिरा देता है, पुरुषत्व को नष्ट करता है, इंद्रियों की शक्ति को शिथिल करता है, और बाल पकने का एक बहुत बड़ा कारण बनता है | इसलिए जितना हो सके नमक उतना कम खाएं | 

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