safed daag ka ilaj

सफेद दाग का रामबाण इलाज – safed daag ka ilaj

Posted on

इस रोग में त्वचा पर कई रंग के दाग पड़ जाते हैं। शुरू-शुरू में तो ये छोटे-छोटे चिन्ह के रूप में दिखाई देते हैं। जब रोग बढ़ने लगता है तब वही चिन्ह आपस में मिलकर बड़े हो जाते हैं। इस प्रकार दाग बड़े आकार का हो जाता है। जब रोग बहुत अधिक बढ़ जाता है तब दाग इतना स्थान बना लेते हैं की त्वचा का स्वाभाविक रंग भी लुप्त हो जाता है।

अंत में बाल भी सफेद होने लगते हैं। शरीर के किसी भी अंग व किसी भी आयु में यह रोग हो सकता है। जिस स्थान पर दाग रहता है वहां पर किसी भी प्रकार की तकलीफ नहीं होती है। किसी-किसी को खुजली व जलन हो सकती है। ऊपर दिए गए लक्षण से आप यह पता लगा सकते हैं कि आपको यह समस्या है या नहीं।

अगर आपको सफेद दाग है तो आज हम आपको सफेद दाग की दवा, क्रीम और इसके उचित इलाज के बारे में बताएंगे। जिनकी मदद से आप आसानी से इस घातक समस्या से छुटकारा पाने में सक्षम रहेंगे।

सफेद दाग होने के कारण – safed daag ke karan

आयुर्वेद के अनुसार

विरुद्ध आहार-विहार के कारण शरीर को धारण करने वाले वात, पित्त और कफ बौखला जाते हैं। जिसके परिणाम स्वरूप इनमें विकार आने से सफेद दाग की उत्पत्ति होती है। विरुद्ध आहार विहार से मतलब आहारों को समय-समय पर ना खाने से है।

आजकल तेल, घी, दूध, आटा आदि में मिलावट की जा रही है। यह मिलावटी भोजन आमाशय में जाने के पश्चात आँतों में खराबी पैदा करता है। इस कारण से लीवर भी खराब हो सकता है। लीवर खराब होने से पित्त का शमन होने लगता है जिससे सफेद दाग हो सकते हैं।

आधुनिक चिकित्सा के अनुसार

आधुनिक चिकित्सक शरीर में दागो का कारण लीवर की खराबी को मानते हैं। इन चिकित्सकों के अनुसार त्वचा में मिलेनिन की कमी हो जाती है तब त्वचा का रंग बदलने लगता है और सफेद दाग का रामबाण इलाज करना पड़ता है।

सफेद दाग के जटिल (complex)  होने का कारण

रोग की प्रारंभिक अवस्था से ही यदि इस रोग की समुचित चिकित्सा प्रारंभ का दी जाये तब यह रोग कुछ ही दिनों ने नष्ट किया जा सकता है। अगर इसका इलाज शुरुआती दौर पर नहीं किया जाए तो यह रोग धीरे-धीरे विकराल रूप ले लेता है और जटिल हो जाता है। यह इतना जटिल हो जाता है की इसका इलाज किसी भी तरह के दवा या क्रीम से नहीं किया जा सकता है।

पढ़ें- safed daag ki cream aur dawa

सफेद दाग का रामबाण इलाज घरेलू उपचार के द्वारा – safed daag ka ilaj

हल्दी और सरसों के तेल का पेस्ट

हल्दी सबसे बेहतर घरेलू तत्वों में से एक है, जिसका उपयोग सफेद दाग के इलाज के लिए किया जा सकता है। हल्दी पाउडर को एक चम्मच लें, और सरसों का दो चम्मच तेल हल्दी के साथ मिला दे और अच्छी तरह मिलाएं। प्रभावित क्षेत्र पर लगाए और 15 मिनट के लिए छोड़ दें फिर धो दें। राहत पाने के लिए प्रतिदिन दो बार इस पेस्ट को अपने प्रभावित जगह पर लागू करें। इससे सफेद दाग का रामबाण इलाज संभव है।

बेहतर आयुर्वेद मिश्रण

safed daag ka ilaj – हल्दी, आक अलसी, बाकुची प्रत्येक को बराबर-बराबर पानी या सेब के सिरके के साथ पीसकर त्वचा में लेप लगाने से सफेद दागों में बहुत आराम मिलता है। इस लेप को चिकित्सा पल्लव किताब में बताया गया है और यह दवा किया गया है की चिकित्सा पल्लव के कुछ पाठकों ने इस इलाज को उपयोग में लिए और सफेद दाग से  पूर्ण रूप से छुटकारा पाए।

अदरक का रस

कच्चे अदरक लें और पानी के साथ पीसकर इसका रस तैयार करें। leukoderma को ठीक करने के लिए दिन में दो बार इसे पीएं। इससे सफेद दाग का उपचार संभव है।

काली मिर्च और घी

यह एक दिलचस्प घरेलू उपचार है जिसका उपयोग ल्यूकोडरर्मा (सफेद दाग) के इलाज के लिए किया जा सकता है। 10 ग्राम घी लें, और 10 काली मिर्च घी में डालें और गर्म करें। घी से काली मिर्च निकालें। आप इस घी को अपने दैनिक भोजन के साथ उपयोग कर सकते हैं। इस घी का नियमित सेवन रक्त को शुद्ध करने और प्रतिरक्षा में सुधार करने में भी मदद कर सकता है, जो सफेद दाग का रामबाण इलाज कर पाने में सक्षम है।

अनार का पाउडर

अनार की सूखे पत्तियों को मुट्ठी भर पीस लें। सफेद दाग का रामबाण इलाज के लिए हर सुबह और शाम 8 ग्राम पाउडर को पानी के साथ पीएं। यह आपके रक्त को शुद्ध करेगा और आपको सफेद दाग से मुक्ति प्रदान करेगा।

उपचार के दौरान रखें ये सावधानियां

  • रोगी प्रातः उठकर भ्रमण व हल्का व्यायाम जरूर करें।
  • भोजन हल्का और पचने लायक होना चाहिए इससे सफेद दाग का रामबाण इलाज करना और आसान हो जाता है।
  • अगर इस दौरान आप चने से बने हुए भोजन पर निर्भर रहते हैं तो saffed daag ka ramban ilaj ज्यादा कार्य पूर्ण होगा।
  • अगर आप सफेद दाग का रामबाण इलाज सही ढंग से करना चाहते हैं तो सुबह गोमूत्र का सेवन करें।
  • धूम्रपान न करें
  • मांसाहार और नशे से दूरी बनाए रखें

FAQ

  1. क्या सूर्य की किरणों से सफेद दाग और भी ज्यादा हो जाता है?

    इसका उत्तर है नहीं! लेकिन, सूर्य की किरणों के संपर्क में आने से दाग स्पष्ट रूप से दिखाई देते हैं जो काफी भद्दे होते हैं। इसके अलावा भी ज्यादा सूर्य की किरणों के संपर्क में रहने से स्किन कैंसर होने का खतरा बना रहता है। इसलिए सूर्य की किरणों के साथ ज्यादा देर तक नहीं रहना चाहिए।

  2. किस तरह के सफेद दाग का इलाज किया जा सकता है।

    जहाँ पर दाग हो उस स्थान के बाल काले हो, चक्कते एक-दूसरे से ना मिले हो, आग से जले न हो तो वे सफेद दाग साध्य हैं। यानी की इन दाग को दवा, क्रीम या घरेलू उत्पाद से ठीक किया जा सकता है।

  3. किस तरह के दाद को ठीक नहीं किया जा सकता है

    सफेद दाद की दवा या इलाज तभी काम करेगी जब दाग साध्य (इलाज लायक) होंगे।
    यदि दाग वाले स्थानों के बाल भी सफेद हो गए हो, दाग एक दूसरे से मिलकर बड़े हो गए हो, या तेज़ाब के जल जाने के चलते पैदा हुए हों, काफी उम्र के बाद (60 वर्ष) के बाद पैदा हुए हों, गुप्त स्थान तलवा, गदेली, ओंठ अर्थात रोम रहित स्थान पर हुए सफेद दाद असाध्य होते हैं। अर्थात, इन सफेद दाग का रामबाण इलाज दाग की दवा या क्रीम से कभी भी सही ढंग से नहीं किया जा सकता है। हालांकि आप आजमा सकते हैं। शायद आपके लिए काम आ जाए.

Gravatar Image
Sarthak upadhyay is a health blogger and creative writer, who loves to explore various facts, ideas, and aspects of life and pen them down. sarthak is known with English and hindi. Writing is his passion, and enjoys writing on a vast variety of subjects. Relationship, Astrology, and entertainment, Periods, pregnancy, and Home-remedies are his specialty areas.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *